संताली की वर्तनी में शुद्धता

 वर्तनी की  शुद्धता  

वर्तनी की शुद्धता का मतलब है किसी भाषा के शब्दों की सही  और मान्यता प्राप्त लिखावट ।  हिन्दी में वर्तनी की शुद्धता सुनिश्चित करने लिए निम्नलिखित बिंदुओं पर ध्यान देना आवश्यक है :

1. मानक वर्तनी सही वर्तनी का पालन करना बहुत महत्वपूर्ण है । मानक संताली शब्दकोश ( P.O. BODDING) के अनुसार शब्दों की वर्तनी  सही होनी चाहिए । 

2. स्वर और व्यंजन  : स्वर और व्यंजन वर्ण  की सही स्थिति और क्रम को ध्यान में रखना चाहिए । उदाहरण के लिए do̱ और do, era और e̱ra, he̱ṛak̕ और heṛak̕,  kol, kọl और ko̱l, hoyok̕ और ho̱yo̱k̕ , kẹṛ kẹṛ और ke̱ṛ ke̱ṛ में अंतर समझना चाहिए । 

3. वर्णमाला का प्रयोग : संताली वर्णमाला  के अनुसार  सही अक्षरों का प्रयोग करना चाहिए ।  अशुद्ध का प्रयोग शब्दों का अर्थ बदल सकता है ।  

4. उचित diacritical mark का प्रयोग : diacritical mark का सही उपयोग वर्तनी में शुद्धता बनाए रखने में मदद करता  है ।  जैसे : so और so̱, cet̕ और ce̱t̕  में अंतर है । 

5. परसर्ग और उपसर्ग  का प्रयोग : परसर्ग और उपसर्ग  का  सही प्रयोग भी वर्तनी में शुद्धता बनाए रखने में महत्वपूर्ण है  ।  amge (am  ge नहीं ),co̱ṭre (co̱ṭ  re नहीं  ), jo̱met̕ kanae (jo̱m  e̱t̕   kanae  नहीं ),  में अंतर समझना चाहिए । 

6. प्रयोग और अनुसरण : नियमित रूप से सही वर्तनी के प्रयोग और पुस्तकों  , लेखों  या  मान्यता प्राप्त  स्रोतों का अनुसरण करना चाहिए ।  इससे वर्तनी के नियमों को समझने  और अपनाने में सहायता मिलता है । 


नीचे कुछ शब्द दिए जा रहें हैं  जो सुनने में  समान लेकिन अर्थ में अंतर को  वाक्यों प्रयोग करते हुए समझाया गया  :

do-निपात-  do calak̕me.- जाओ ।

do̱-जाओ - Iń do̱ bạń calak̕a.- मैं नहीं जाऊंगा ।

oko-छिपना - usạrate oko go̱do̱k̕me.-जल्दी छिपो। । 

o̱ko̱ क्या जाने- o̱ko̱ baṛae iń d bạń baḍaea.-क्या जाने , मैं नहीं  जानता हूँ ।

jo̱ro̱k̕ पानी गिरना- dak̕ jo̱ro̱k̕ kana.-पानी  गिर रहा है ।

jorok̕- आग तापना-mit̕ talao se̱ṅge̱l ṭhe̱n jorok̕ do̱ baṅ ṭhika.- बराबर आग सेंकना ठीक नहीं है । 

lo -पानी भरना- do, dak̕ lo ạguime.- जाओ, पानी भर कर लाओ ।

lo̱- जलना -Lukhi do̱ kicric̕e lo̱ ocokeada.-लुखी कपड़ा जलवा दिया ।

lolo - पानी भरना-  setoṅre dak̕  lolo alom ̣calak̕a.-धूप में पानी भरने के लिए मत जाओ ।

lo̱lo̱ -गर्म-lo̱lo̱ dak̕ ạguime.- गरम पानी लाओ ।

kol -भेजना- ciṭhi kol do̱ alom hiṛińa.- चिट्ठी भेजना मत भूलना ।

ko̱l -पंपिंग सेट-aleak̕ do̱ dak̕ ko̱l menak̕talea.-हमलोगों का पम्पिंग सेट है ।

kọl -कोयल-kol cẽ̱ṛ̱ẽ̱ simrak̕reko kuhu -kuhuk̕a-कोयल भोर में कुहू -कुहू करती है ।

hoe-होना-cet̕ hõ baṅ hoe daṛeak̕- कुछ भी नहीं हो सकता ।

ho̱e -हवा- ạḍi ãṭ ho̱e iạte dareko ho̱e bhindạṛena.- तेज हवा के कारण पेड़ गिर गया ।

hoyok̕- होना- ce̱t̕ hõ̱ baṅ hoyok̕a alom bo̱to̱ro̱k̕a.-कुछ भी नहीं होगा मत डरो ।

ho̱yo̱k̕-छिलना/दाढ़ी बनवाना- iń do̱ gocoń hoyok̕kana.- मैं दाढ़ी बनवा रहा  हूँ ।

ocok̕-करवाना- alom posṛa ocok̕a.-  मत डरो

o̱co̱k̕-हटाना- no̱ṇde̱ kho̱n ocok̕me.-यहाँ से हटो ।

cet̕-सीखना- ce̱k̕em cet̕keda ?- क्या सीखा ?

ce̱t̕- क्या- ce̱t̕ cekaeyena ?- क्या हुआ ?

hoṛo-धान- ne̱s do̱ dak̕ baṅ iạte  hoṛo baṅ hoelena.- इस साल बारिश के अभाव में धान  नहीं हुआ ।

ho̱ṛo̱-प्रत्येक- ho̱ṛo̱ -ho̱ṛo̱ emakom. -प्रत्येक को दो ।

goḍo- चूहा- nui do̱e piṇḍhạ goḍokana.- यह मेढ़ का चूहा है ।

go̱ḍo̱-पानी बहने की आवाज- go̱ḍ̱o̱-go̱ḍo̱ dak̕ ạtuk̕kakana. - गोडो -गोडो आवाज  करते हुए  पानी बहती है ।

ke̱ṛ ke̱ṛ-धूप सुखकर कड़ा होना- noa hasa setoṅte ro̱ho̱ṛ ke̱ṛ-ke̱ṛena.-यह मिट्टी धूप के कारण सुख कर बहुत कड़ा हो गया ।

kẹṛ kẹṛ-किसी पर्व में आनन्दित होकर बोलना- pata-chatare rạskạte kẹṛ-kẹṛ pajhẹṛ kẹṛe ho̱ho̱leda.- पाता -छाता में आनंद से वह  केड़ -केड़ पाझेड़ केड़ पुकारा था ।

so̱l- एक बहुत हल्की पौधा का नाम- so̱l reak̕  lạukare de̱c̕ kate hakoko sap̕et̕koa. - वे सोल की नौका में चढ़ कर मछली पकड़ रहे हैं ।

sọl-एक मछली का नाम-sọl hako do̱ko kabra dharawa.-सोल मछली  चितकबरा  होते हैं ।

era- पत्नी-nui do̱e uniren erakana.-यह उसकी  पत्नी है ।

e̱ra- बोना- joṇḍrale e̱rkeda.-हमलोगों ने  मकई  बोया ।

o̱l-लिखना- o̱l me.- लिखो ।

ọl- एक जमीन के नीचे बैठने वाला सब्जी/ किसी के यहां रात्रि विश्राम- onko ṭhe̱c̕e ọl aṅgaeyenae- वह उन लोगों के पास रात्रि विश्राम किया ।

jolok̕-जलना- se̱ṅge̱l jolok̕kana.- आग जल रही है ।

julut̕ -टिमटिमाना- bagjunuko julut̕-juludo̱kana.- जुगनू टिमटिमाते हैं ।

baṛe-वटवृक्ष- baṛe darere kạ̃hũ kisniko ̣ceroberok̕kana.-बरगद पेड़ में कौआ -मैना चहचहाते हैं ।

baṛe̱--आदरपूर्वक आदेश देना- oṇḍe̱  do̱ calak̕me baṛe̱.-कृपया , वहाँ जाएं ।

heṛak̕-चितकबरा- jahe̱re herak̕ simko boṅgakoa.-जहेर में चितकबरा मुर्गी पूजा की  जाता है ।

he̱ṛak̕-झाड़ा हुआ- he̱rak̕ jạ̃ṛĩ sakam ḍaṅgra ạguakome.-झाड़ा हुआ कुदरूम का पत्ता  बैल को  दे दो ।

bhor-भर/दिन भर/रातभर- hoṛo din bhor kạmikate sae takage darmahae ńamkeda.मिली .- दिन भर काम करने पर भी सौ रुपये ही मजदूरी  मिली ।

bho̱r-बरदान /आशीर्वाद- Cando babae bho̱ram ma !- परमेश्वर आपको बरदान दे !

se-ढील/जूं- mại do̱ bo̱ho̱k̕ko seakadea.- बेटी को जूँ हुआ है ।

se̱-या- am se̱ unie hijuk̕a ? -आप या  वह जाएगा ?

si-जोतना- khe̱tko siet̕kana.- वे खेत जोत रहे हैं ।

tho- थूक- noakore alom thoea hirkhạge ńe̱lo̱kana.-इधर उधर मत थूको घृणा लगता है ।

tho̱ -तो - hẽ̱ge tho̱, onageń lạiamkana.- हाँ तो , वही बता रहा हूँ ।

वर्तनी की शुद्धता न केवल पढ़ने और लिखने में सहजता  प्रदान करती है , बल्कि  भाषा की सुंदरता  और प्रभाव को भी बनाए रखती है । 


 



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